प्रदेश के 105 सरकारी
कॉलेजों में दाखिले के लिए ऑनलाइन मेरिट लिस्ट जारी होगी। इसमें महर्षि
दयानंद यूनिवर्सिटी (एमडीयू) रोहतक, कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी (केयू)
कुरुक्षेत्र और चौधरी देवी लाल यूनिवर्सिटी (सीडीएलयू) सिरसा से संबंधित
कॉलेज शामिल हैं।
ऑनलाइन मेरिट को लेकर उच्चतर शिक्षा विभाग पूरी
तरह तैयार है। शुक्रवार को पंचकूला में हुई बैठक में भी विभाग के
अधिकारियों ने कॉलेज प्राचार्यों को सख्त निर्देश दिए कि मेरिट ऑनलाइन करने
के लिए अलग से कमेटी बनाएं।
इसके पीछे छात्रों की गलती और कॉलेज प्रशासन की लापरवाही भी रही है। विभाग ने साफ किया है कि जितने भी छात्रों के आवेदन आ रहे हैं, उन सबकी हार्ड कॉपी जमा होने के साथ सभी दस्तावेज देखकर उसे ऑनलाइन अप्रूव (अनुमोदन) करें।
विभाग ने आवेदन की तारीख खत्म होने से पहले काम शुरू करने के आदेश दिए हैं। एक जुलाई तक छात्रों को हार्डकॉपी जमा करानी होगी। कॉलेजों के फॉर्म अप्रूव करने के बाद मेरिट लिस्ट के दिन कॉलेजों को विभाग के पोर्टल पर अपलोड करने की छूट दी जाएगी।
कॉलेज प्रशासन इसकी एक कॉपी उच्चतर शिक्षा विभाग को भी भेजेगा, ताकि किसी तरह की दिक्कत होने पर वहां पर अपलोड किया जा सके। इस कारण से इस बार छात्रों को मेरिट का पता लगाने के लिए कॉलेजों के चक्कर नहीं काटने होंगे।
मेरिट में वेटेज पर रहेगा फोकस
दरअसल प्रदेश के सभी विश्वविद्यालयों में वेटेज के अपने अलग-अलग नियम हैं। इसे देखते हुए उच्चतर शिक्षा विभाग ने सभी कॉलेजों को अपने विश्वविद्यालय के अनुसार वेटेज देने को कहा है।
एमडीयू में अधिकतम 20 अंक देने का निर्णय लिया गया है, जबकि छात्र खेल, एक्सट्रा करिकुलर एक्टिविटी, एनसीसी, एनएसएस व अन्य गतिविधियों के तहत आवेदन कर सकता है।
अरुण जोशी, उपनिदेशक, उच्चतर शिक्षा विभाग: मेरिट लिस्ट यूनिवर्सिटी की गाइडलाइन के अनुसार तैयार की जाएगी।
जिस दिन यूनिवर्सिटी ने मेरिट लिस्ट घोषित करने की तारीख तय की है, उस दिन पोर्टल पर कॉलेज के कॉलम में अपलोड कर दिया जाएगा। इस बार ऑनलाइन मेरिट लिस्ट के लिए अभी से तैयारी शुरू कर दी गई हैं।
इसके पीछे छात्रों की गलती और कॉलेज प्रशासन की लापरवाही भी रही है। विभाग ने साफ किया है कि जितने भी छात्रों के आवेदन आ रहे हैं, उन सबकी हार्ड कॉपी जमा होने के साथ सभी दस्तावेज देखकर उसे ऑनलाइन अप्रूव (अनुमोदन) करें।
विभाग ने आवेदन की तारीख खत्म होने से पहले काम शुरू करने के आदेश दिए हैं। एक जुलाई तक छात्रों को हार्डकॉपी जमा करानी होगी। कॉलेजों के फॉर्म अप्रूव करने के बाद मेरिट लिस्ट के दिन कॉलेजों को विभाग के पोर्टल पर अपलोड करने की छूट दी जाएगी।
कॉलेज प्रशासन इसकी एक कॉपी उच्चतर शिक्षा विभाग को भी भेजेगा, ताकि किसी तरह की दिक्कत होने पर वहां पर अपलोड किया जा सके। इस कारण से इस बार छात्रों को मेरिट का पता लगाने के लिए कॉलेजों के चक्कर नहीं काटने होंगे।
मेरिट में वेटेज पर रहेगा फोकस
दरअसल प्रदेश के सभी विश्वविद्यालयों में वेटेज के अपने अलग-अलग नियम हैं। इसे देखते हुए उच्चतर शिक्षा विभाग ने सभी कॉलेजों को अपने विश्वविद्यालय के अनुसार वेटेज देने को कहा है।
एमडीयू में अधिकतम 20 अंक देने का निर्णय लिया गया है, जबकि छात्र खेल, एक्सट्रा करिकुलर एक्टिविटी, एनसीसी, एनएसएस व अन्य गतिविधियों के तहत आवेदन कर सकता है।
अरुण जोशी, उपनिदेशक, उच्चतर शिक्षा विभाग: मेरिट लिस्ट यूनिवर्सिटी की गाइडलाइन के अनुसार तैयार की जाएगी।
जिस दिन यूनिवर्सिटी ने मेरिट लिस्ट घोषित करने की तारीख तय की है, उस दिन पोर्टल पर कॉलेज के कॉलम में अपलोड कर दिया जाएगा। इस बार ऑनलाइन मेरिट लिस्ट के लिए अभी से तैयारी शुरू कर दी गई हैं।