; paras[X - 1].parentNode.insertBefore(ad1, paras[X]); } if (paras.length > X + 4) { var ad1 = document.createElement('div'); ad1.className = 'ad-auto-insert ad-first'; ad1.innerHTML = ` ; paras[X + 3].parentNode.insertBefore(ad2, paras[X + 4]); } if (isMobile && paras.length > X + 8) { var ad1 = document.createElement('div'); ad1.className = 'ad-auto-insert ad-first'; ad1.innerHTML = ` ; paras[X + 7].parentNode.insertBefore(ad3, paras[X + 8]); } });

Important Posts

Advertisement

बच्चे को मुर्गा बनाया तो शिक्षक को जेल और एक लाख जुर्माना

भिवानी : शिक्षक ने बच्चे को स्कूल में मुर्गा बनाया और उसने अदालत में कर दी तो शिक्षक को तीन महीने की सजा और एक लाख रुपए का जुर्माना हो सकता है। ऐसा दोबारा करने पर नौकरी चली जाएगी। यह कानून पूरे देश में लागू हो गया है। जस्टिस जुवनाइल एक्ट में हाल में ही संशोधन किया है।
देश में जेजे एक्ट यानि जस्टिस जुवनाइल एक्ट को लागू हुए कई साल हो गए, लेकिन अब इसमें कई बदलाव कर नए सेक्शनों को शामिल किया है। सेक्शन 77 के तहत अध्यापक स्कूल में बच्चे को किसी तरह की सजा देता है और बच्चा उसकी शिकायत खुद जुवनाइल अदालत या जिला प्रोबेशन अधिकारी के माध्यम से अदालत में याचिका दायर करता है तो सजा जुर्माना दोनों हो सकते हैं।
माता-पिता भी नहीं कर सकते बच्चे के साथ मारपीट
सेक्शन75 के तहत अगर माता पिता अपने बच्चे के साथ अभद्र भाषा में बात करता है। उसे शारीरिक या मानसिक प्रताड़ना देता है तो और बच्चा इसकी शिकायत अदालत में करता है पेरेंट्स को तीन साल कैद और एक लाख रुपए तक जुर्माना हो सकता है।
"जस्टिस जुवनाइल एक्ट में संशोधन किया है। बच्चे से अपराध कराने या प्रताड़ना देता है तो बच्चा सीधे जुवनाइल अदालत या प्रोबेशन अधिकारी के माध्यम से अपनी याचिका दायर कर सकता है।"-- मनोज धनखड़, जिला प्रोबेशन अधिकारी, भिवानी।
भीख मंगवाने पर पांच साल कैद, एक लाख रुपए जुर्माना
सेक्शन 76 के तहत बच्चे से भीख मंगवाने वाले व्यक्ति को पांच साल कैद और एक लाख रुपए जुर्माना देना पड़ सकता है। बच्चे को नशीली वस्तु बेचने पर सेक्शन 77 के तहत 7 साल कैद और एक लाख रुपये जुर्माना भरना पड़ सकता है।
बाल मजदूरी कराने वाले को देना होगा एक लाख रुपये जुर्माना
सेक्शन 79 के तहत बाल मजदूरी मजदूरी कराने पर एक लाख जुर्माना और पांच साल कैद हो सकती है। पहले सिर्फ तीन साल की सजा का ही प्रावधान था। इसलिए कुल मिलाकर देश की न्यायपालिका बच्चों पर किए जा रहे और बच्चों से कराए जा रहे अपराध को लेकर सख्त हो गई है। इसके तहत अब बच्चों की आड़ में गलत काम करने वालों की खैर नहीं है।
बच्चे से नशीली चीज मंगाई तो 7 साल कैद, एक लाख जुर्माना
बच्चे से नशीली चीज मंगवाई और बच्चे ने इसकी शिकायत अदालत में कर दी तो इसके लिए नए बने सेक्शन 78 के तहत सात साल की कैद और एक लाख रुपए जुर्माना भुगतना पड़ सकता है।
उग्रवादी बनाने पर 7 साल कैद, पांच लाख जुर्माना
सेक्शन 83 के तहत अगर कोई व्यक्ति किसी बच्चे को उग्रवादियों की तरह प्रयोग करता है या उसे इस तरह तैयार करता है कि वह बच्चा देशद्रोह जैसा काम करे तो उस व्यक्ति को सात साल कैद और पांच लाख रुपए तक जुर्माना हो सकता है।
बच्चे से हत्या करवाने पर फांसी या उम्रकैद होगी
सेक्शन 87 के तहत अगर कोई व्यक्ति नाबालिग बच्चे से अपराध कराता है तो उस व्यक्ति के खिलाफ धारा 187 के तहत कार्रवाई होगी। यदि कोई बच्चे से हत्या करा देता है और अदालत में वह साबित हो जाता है तो उस व्यक्ति को फांसी या उम्रकैद हो सकती है।
सरकारी नौकरी - Army /Bank /CPSU /Defence /Faculty /Non-teaching /Police /PSC /Special recruitment drive /SSC /Stenographer /Teaching Jobs /Trainee / UPSC

UPTET news