टोहाना(सुशील सिंगला): प्राईवेट स्कूल सांझा मंच का कहना
है कि, 134 ए के तहत आने वाले बच्चों को अन्य निजी स्कूलों की तरह ही
दाखिला नहीं मिलेगा और जो बच्चे वर्तमान में पढ़ रहे हैं, उनके भी नाम काट
दिए जाएंगे। ऐसा इसलिए क्योंकि शिक्षाविभाग ने अभी तक इन बच्चों की पढ़ाई
की फीस स्कूलों को नहीं भेजी है।
मंच के प्रधान रणधीर पूनिया ने बताया कि,
यदि 30 जनवरी तक शिक्षाविभाग ने 134 ए के तहत पढ़ने वाले बच्चों की फीस का
भुगतान नहीं करता तो, बच्चों को शिक्षा ना मिलने की जिम्मेवार सरकार की
होगी।
दरअसल, पिछले दो वर्षो से शिक्षा विभाग व सरकार के आदेशानुसार 10 प्रतिशत
134 ए के तहत आने वाले सभी बच्चों को स्कूल पढ़ाने का कार्य प्राईवेट स्कूल
कर रहे हैं। इन बच्चों की फीस सरकार द्वारा स्कूलों के खातो में डालने की
बात कही गई थी। लेकिन आज दो वर्ष बीत जाने के बाद भी शिक्षा विभाग ने
टोहाना ब्लाक के एक भी स्कूल को इस नियम के तहत पढ़ने वाले बच्चों की फीस
स्कूल के खातों में जमा नहीं करवाई है। जबकि दूसरा सत्र बीतने के कगार पर
है।
मंच के प्रधान रणधीर पूनिया ने बताया कि, इस विषय को लेकर प्रदेश के निजी
स्कूल संचालकों ने स्पष्ट कर दिया है कि, सरकार या तो 30 जनवरी तक तय फीस
का भुगतान करे। अन्यथा निजी स्कूल के दरवाजे 134ए के बच्चों के दाखिलों के
लिए बन्द होंगे। जो बच्चों के भविष्य से खिलवाड़ होगा उसकी जिम्मेवारी भी
सरकार की ही होगी।
उन्होंने सरकार व विभाग को चेतावनी दी है कि, अगर सरकार ने स्कूलों की
मांगे नही मानी गई तो अप्रैल में सभी 134 ए के तहत आने वाले सभी बच्चों के
नाम भी काट दिए जाएगें। इस बात के लिए सरकार जिम्मेवार होगी।