जागरण संवाददाता, गुरुग्राम: डोंगल (डाटा कार्ड) न मिलने से सरकारी
स्कूलों में कार्यरत शिक्षकों का वेतन रुक गया है। स्थिति यह है कि अब
लगातार दूसरे माह का वेतन भी अटकने की स्थिति में है। विभाग की इस योजना के
अनुसार डिजिटल सिग्नेचर सत्यापित होने के बाद ही वेतन से लेकर अन्य मदों
में खर्च की जाने वाली राशि
ट्रेजरी से भुगतान हो सकेगा। वेतन न मिलने से
अध्यापकों को कई प्रकार की दिक्कतें आ रहीं है। अभी तक शिक्षकों को मार्च
माह का वेतन नहीं मिल पाया है। विभाग से डोंगल न मिलने की वजह से इस माह का
भी वेतन मिलने में दिक्कतें आ सकती हैं।
माध्यमिक शिक्षा निदेशालय से सभी डीडीओ के हस्ताक्षर से डिजिटल
सिग्नेचर सत्यापित करने की प्रक्रिया मार्च 2018 में शुरू की गई थी। इसके
लिए वरिष्ठ अधिकारियों की मॉनीट¨रग में एक प्रोफॉर्मा भी भरवाया गया था।
विभाग ने वित्त वर्ष का अंतिम माह होने से ट्रेजरी से राशि निकालने में कुछ
ढील दे दी। नए वित्त वर्ष में डिजिटल सिग्नेचर के बिना बैंक से पैसा
निकालने पर रोक लगा दी गई है। अभी तक शिक्षकों को निदेशालय से डोंगल उपलब्ध
नहीं कराया गया है। डोंगल के बिना मार्च महीने में बिल पर आपत्ति लग गई
थी। बिल ट्रेजरी में जाने के बाद ही शिक्षकों के खाते में वेतन आ पाएगा।
शिक्षा विभाग में कार्यरत स्टाफ का वेतन प्रत्येक महीने की 25 तारीख से
बनना शुरू हो जाता है।