रेवाड़ी। जिला सचिवालय के गेट पर सोमवार को
एक सरकारी स्कूल के बच्चे धरने पर बैठे नजर आए। धरने पर बैठी छात्राओं की
मांग है कि उनके स्कूल में शिक्षकों की नियुक्ति की जाए। जानकारी के अनुसार
रेवाड़ी के गांव सुमाहेड़ा के स्कूल को करीबन छह माह पूर्व ग्रामीणों के
दबाव में अपग्रेड किया गया था।
जब गांव की छात्राओं ने पड़ोसी गांव के स्कूल में छेडछाड़ से परेशान होकर स्कूल जाना बंद कर दिया था और कैबिनेट मंत्री राव नरबीर सिंह ने गांव में जाकर स्कूल को 12वीं अपग्रेड किया था। उस समय तो डेपुटेशन पर 10 अध्यापकों की नियुक्ति की गई थी। लेकिन अ स्कूल में कोई शिक्षक नही है। स्कूली छात्राओं का कहना है की ना शिक्षक है ना ही अभी तक किताबें मिली है ऐसे में उनकी पढ़ाई कैसे होगी और मार्च माह में उनकी परीक्षा भी होने वाली है।
जब गांव की छात्राओं ने पड़ोसी गांव के स्कूल में छेडछाड़ से परेशान होकर स्कूल जाना बंद कर दिया था और कैबिनेट मंत्री राव नरबीर सिंह ने गांव में जाकर स्कूल को 12वीं अपग्रेड किया था। उस समय तो डेपुटेशन पर 10 अध्यापकों की नियुक्ति की गई थी। लेकिन अ स्कूल में कोई शिक्षक नही है। स्कूली छात्राओं का कहना है की ना शिक्षक है ना ही अभी तक किताबें मिली है ऐसे में उनकी पढ़ाई कैसे होगी और मार्च माह में उनकी परीक्षा भी होने वाली है।