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इधर, हरियाणा का शिक्षा सिस्टम समझने आएंगे 6 राज्यों के अफसर

रोहतक के लाखनमाजरा में रिजल्ट खराब, डीसी से शिकायत
10th रिजल्ट मेंगड़बड़ी या पढ़ाई कमजोर
कैथल में दूसरे दिन भी छात्राओं ने लगाया जाम, शिक्षा विभाग ने दिया रि-चेकिंग का आश्वासन
बिसहान के स्कूल में 30 में 23 बच्चे फेल, लाखनमाजरा में 44 में िसर्फ 4 पास, परीक्षार्थी-ग्रामीण जड़ रहे स्कूलों में ताला

भास्कर न्यूज |पानीपत/कैथल/हिसार/झज्जर/रोहतक।
हरियाणाशिक्षा बोर्ड के सरकारी स्कूलों में 10वीं का रिजल्ट खराब आने का गुस्सा प्रदेश भर में दिखाई देने लगा है। 43.50 प्रतिशत रहे कुल रिजल्ट में कई स्कूल तो ऐसे हैं जिनमें कहीं 44 में से 4 तो कहीं 30 में 7 बच्चे ही पास हुए हैं। इसे लेकर ग्रामीणों ने पूरी शिक्षा व्यवस्था और संसाधनों पर सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं। सरकार और शिक्षकों के खिलाफ उनका गुस्सा फूट रहा है वह स्कूलों में ताले जड़ रहे हैं। वहीं, कुछ स्कूलों के विद्यार्थी संशोधित रिजल्ट में गड़बड़ी की आशंका जताकर प्रदर्शन भी कर रहे हैं।

कैथल में गुरुवार को दूसरे दिन भी छात्राओं ने रिजल्ट में गड़बड़ी का अंदेशा जताकर प्रदर्शन किया और पेहोवा चौक को जाम कर दिया। उनका आरोप है कि भिवानी बोर्ड ने शाम 4 बजे जब नतीजे घोषित किए तब वह पास थीं जबकि 7 बजे जारी हुए संशोधित रिजल्ट में फेल दिखा दिया गया। इन छात्राओं ने प्रधानमंत्री को भी चिट्ठी लिखी। वहीं पूर्व आर्मी चीफ जनरल दलबीर सिंह सुहाग के गांव बिसाहन में ग्रामीणों स्केूल पर ताला जड़ दिया। यहां का रिजल्ट मात्र 25 भी नहीं पहुंच सका। वहीं, आसंडा गांव के राजकीय हाई स्कूल में पिछले तीन साल से खराब परिणाम आने पर ग्रामीणों का गुस्सा बढ़ गया है। ग्रामीणों ने स्टाफ को चेतावनी दी है। इस स्कूल के 19 में से महज चार विद्यार्थी ही पास हुए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि यदि इस तरह की पढ़ाई होगी तो ऐसा स्कूल हम नहीं चलने देंगे। सरकार को शिक्षक और पढ़ाई की व्यवस्था बदलनी चाहिए।

कैथल | पेहवाचौक पर जाम लगा बाइक सवार को रोकती छात्रा।

लाखनमाजरा के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में 44 में से केवल 4 बच्चे पास हुए। गुरुवार को ग्रामीणों ने डीसी अतुल कुमार से शिक्षकों का तबादला करने की मांग की। साथ ही समाधान होने पर तालाबंदी की चेतावनी भी दी। ग्रामीणों की समस्या सुनने के बाद डीसी ने उन्हें जिला शिक्षा अधिकारी के पास भेज दिया। जिला शिक्षा अधिकारी सुनीता रूहिल ने इस मामले में खंड शिक्षा अधिकारी जितेंद्र सांगवान से जवाब तलब किया। इसके बाद फैसला लिया गया कि इस मामले में 31 मई को एक बार गांव के स्कूल में ही बैठक की जाएगी।

कैथल की 55 छात्राओं की कॉपी होंगी रि-चेक

कैथलमें गवर्नमेंट कन्या स्कूल, गवर्नमेंट नंबर चार स्कूल सजूमा सरकारी स्कूल की की जाम लगाने वाली 55 छात्राओं की कॉपियों की रिचेकिंग होगी। जिला शिक्षा अधिकारी निर्मल तनेजा उप जिला शिक्षा अधिकारी शमशेर सिरोही ने बताया कि मौके पर ही सभी छात्राओं से रोल नंबर नाम लेकर उनका एक सामूहिक शिकायत पत्र डीईओ के नाम बनवाया। इसके बाद बोर्ड के सचिव से बातचीत कर उनकी ई-मेल पर टाइप करवा कर पत्र सेंड कर दिया। पत्र में बोर्ड द्वारा अपलोड किए गए संशोधित रिजल्ट को फिर से चेक करने की मांग की है ताकि छात्राओं की आशंका को दूर किया जा सके। बोर्ड ने इसके लिए पांच दिनों का समय मांगा है। इसके बाद पूरा रिजल्ट डीईओ को मिल जाएगा और बच्चों को इस बारे में बताया जाएगा। इसके बाद जो फेल है उन्हें दसवीं में बैठना होगा, जो पास होंगी उन्हें 11वीं में एडमिशन मिल जाएगा। 

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