जागरण संवाददाता, रेवाड़ी: शिक्षा विभाग द्वारा सभी जिला अधिकारियों को
शिक्षा नियम 134ए के लाभांवित विद्यार्थियों को अगले शैक्षणिक सत्र में 134
ए का लाभ समाप्त करने के आदेश को वापस लेने की मांग को लेकर सोमवार को आम
आदमी पार्टी की ओर से प्रदर्शन किया गया तथा डिप्टी डीईईओ को शिक्षा मंत्री
के नाम ज्ञापन सौंपा।
आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ता सोमवार को भाड़ावास गेट के निकट स्थित सैनी चोपाल में एकत्रित हुए तथा प्रदर्शन करते हुए जिला शिक्षा अधिकारी के कार्यालय पहुंचे। वक्ताओं ने कहा कि शिक्षा विभाग द्वारा दिए गए आदेश को तुरंत वापस लिया जाए। क्योंकि हर वर्ष इस तरह के दाखिला प्रक्रिया से गुजरना पड़ेगा तो विद्यार्थियों व अभिभावकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ेगा। हर स्कूल का माहौल भी अल-अलग होता है। हर स्कूल की यूनिफॉर्म भी अलग-अलग होने के कारण अभिभावकों को अतिरिक्त खर्च वहन करना पड़ेगा। बच्चों का स्कूल व शिक्षा से तालमेल बैठाना मुश्किल होता है। इससे न केवल उनकी शिक्षा प्रभावित होगी, बल्कि उनके शिक्षा के अधिकार भी हनन होगा। ज्ञापन में 134ए से संबंधित लिए गए फैसले वापस लेने, सत्र 2017-18 में बच्चों के लिए बस सुविधा सुनिश्चित करने, आवेदन लेने से पहले सभी स्कूलों में खाली सीटों को सार्वजनिक करने, स्कूलों द्वारा दी जाने वाली जानकारियों की सत्यता की जांच करने, प्रवेश परीक्षा ¨हदी व अंग्रेजी माध्यम से लेने, शिक्षा नियम 158 की पालना कराने, एनसीईआरटी की जगह प्राइवेट पब्लिशर्स की महंगी किताबों पर रोक लगाने व निजी स्कूलों द्वारा महंगी यूनिफार्म खरीदने के लिए अभिभावकों को बाध्य नहीं करने संबंधी मांग रखी गई है। कार्यकर्ताओं ने डिप्टी डीईईओ अजीत ¨सह को ज्ञापन सौंपा। इस अवसर पर संजय शर्मा, अंगूरी देवी, ममता यादव, मनीषा, वंदना, गीता सैनी, शकुंतला, अनीता, बाबूलाल अग्रवाल, मोनू, राजेश शर्मा, जितेंद्र यादव सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद थे।
आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ता सोमवार को भाड़ावास गेट के निकट स्थित सैनी चोपाल में एकत्रित हुए तथा प्रदर्शन करते हुए जिला शिक्षा अधिकारी के कार्यालय पहुंचे। वक्ताओं ने कहा कि शिक्षा विभाग द्वारा दिए गए आदेश को तुरंत वापस लिया जाए। क्योंकि हर वर्ष इस तरह के दाखिला प्रक्रिया से गुजरना पड़ेगा तो विद्यार्थियों व अभिभावकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ेगा। हर स्कूल का माहौल भी अल-अलग होता है। हर स्कूल की यूनिफॉर्म भी अलग-अलग होने के कारण अभिभावकों को अतिरिक्त खर्च वहन करना पड़ेगा। बच्चों का स्कूल व शिक्षा से तालमेल बैठाना मुश्किल होता है। इससे न केवल उनकी शिक्षा प्रभावित होगी, बल्कि उनके शिक्षा के अधिकार भी हनन होगा। ज्ञापन में 134ए से संबंधित लिए गए फैसले वापस लेने, सत्र 2017-18 में बच्चों के लिए बस सुविधा सुनिश्चित करने, आवेदन लेने से पहले सभी स्कूलों में खाली सीटों को सार्वजनिक करने, स्कूलों द्वारा दी जाने वाली जानकारियों की सत्यता की जांच करने, प्रवेश परीक्षा ¨हदी व अंग्रेजी माध्यम से लेने, शिक्षा नियम 158 की पालना कराने, एनसीईआरटी की जगह प्राइवेट पब्लिशर्स की महंगी किताबों पर रोक लगाने व निजी स्कूलों द्वारा महंगी यूनिफार्म खरीदने के लिए अभिभावकों को बाध्य नहीं करने संबंधी मांग रखी गई है। कार्यकर्ताओं ने डिप्टी डीईईओ अजीत ¨सह को ज्ञापन सौंपा। इस अवसर पर संजय शर्मा, अंगूरी देवी, ममता यादव, मनीषा, वंदना, गीता सैनी, शकुंतला, अनीता, बाबूलाल अग्रवाल, मोनू, राजेश शर्मा, जितेंद्र यादव सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद थे।